
गुरुग्राम। हरियाणा के गांव और शहरों में बढ़ती आबादी की जरूरतें पूरी करने के लिए रोडवेज बसों के नए रूट तय होंगे। गांवों का सर्कल बनाकर आपस में बसों से जोड़ा जाएगा।
शहरों में प्रमुख अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों और धार्मिक स्थानों तक सिटी बसें चलाई जाएंगी। गुरुग्राम, फरीदाबाद और सोनीपत में कामगारों के लिए विशेष बसें चलेंगी। मेट्रो स्टेशन और बस स्टैंड तक भी मिनी बसें चलेंगी।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मंगलवार को हरियाणा विजन-2047 के अंतर्गत परिवहन विभाग के पांच वर्षों के रोडमैप और कार्ययोजना की समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने के लिए निजी वाहनों के प्रयोग में कमी लाना जरूरी है। यह तभी होगा, जब अधिक से अधिक लोगों तक सरकारी बसों की सुविधा पहुंचेगी।
आबादी के अनुसार तैयार होगा प्रदेश का रूटमैप
इसलिए परिवहन विभाग ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में बढ़ी हुई आबादी और भविष्य में पैदा होने वाली मांग के अनुरूप पूरे प्रदेश का रूटमैप बनाए। रिवाइज रूट प्लान के अनुरूप ज्यादा से ज्यादा गांवों व शहरों को बस सुविधा से जोड़ें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के 6500 गांवों और शहरी क्षेत्र में आबादी तो बढ़ी है, लेकिन परिवहन विभाग की बसों की पहुंच इसकी तुलना में उतनी नहीं बढ़ सकी है।
विभाग हर गांव तक बसों की पहुंच सुनिश्चित करने की योजना तैयार करे, ताकि विद्यार्थियों व महिलाओं के साथ-साथ कामकाजी व्यक्ति भी बसों का अधिक से अधिक प्रयोग करें और निजी वाहनों के प्रयोग में कमी आए।
नायब सैनी ने कहा कि पहले शहरों के आंतरिक हिस्सों में लोकल बसें चलती थी, जो शहर के एक हिस्से को दूसरे से जोड़ती थीं। अब ऐसी बसों की संख्या बहुत कम हो गई है, जबकि शहरी क्षेत्रों का काफी विस्तार हो गया है।

