
नया गुरुग्राम। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) ने बृहस्पतिवार को दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर स्थित सेक्टर-21 में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब पौने एकड़ सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया।
वहीं, कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों ने विरोध जताया और सूचना मिलने पर दिल्ली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। हालांकि, एचएसवीपी अधिकारियों ने जमीन से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत किए, जिसके बाद पुलिस वापस लौट गई। पूरे अभियान के दौरान ड्यूटी मजिस्ट्रेट के रूप में नायब तहसीलदार जगदीश बिश्नोई मौजूद रहे।
अतिक्रमण हटाने की मांग के बाद हुआ एक्शन
जानकारी के अनुसार, सेक्टर-21 से सटे दिल्ली के सालापुर गांव के कुछ लोगों ने एचएसवीपी की जमीन पर पिछले कई वर्षों से कब्जा कर रखा था। यहां सात कच्चे कमरे बनाकर किराये पर दिए गए थे। स्थानीय आरडब्ल्यूए लंबे समय से इस अतिक्रमण को हटाने की मांग कर रही थी।
लोगों का कहना था कि कब्जे की वजह से इलाके में गंदगी फैल रही थी और बाहरी लोगों की आवाजाही बढ़ने से सुरक्षा संबंधी चिंताएं भी पैदा हो रही थीं। आरडब्ल्यूए ने गांव की तरफ चारदीवारी बनाने की मांग भी उठाई हुई है।
बुलडोजर से हटाया गया अतिक्रमण
एचएसवीपी के संपदा अधिकारी-एक राकेश सैनी के निर्देश पर गुरुवार दोपहर तोड़फोड़ दस्ता मौके पर पहुंचा और पीले पंजे की मदद से कार्रवाई शुरू की गई। इसी दौरान कब्जाधारियों ने कंट्रोल रूम में कॉल कर दिल्ली पुलिस को बुला लिया। कुछ देर के लिए कार्रवाई रुकी रही, लेकिन दस्तावेजों की जांच के बाद दोबारा अभियान शुरू कर दिया गया। बाद में पूरे क्षेत्र को अतिक्रमणमुक्त करा लिया गया।

