
नया गुरुग्राम। नया गुरुग्राम में टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग (डीटीपीई) ने डीएलएफ फेज-एक से फेज-पांच तक अवैध निर्माणों और रिहायशी मकानों में संचालित अवैध व्यावसायिक गतिविधियों के विरुद्ध बड़े स्तर पर कार्रवाई की पूरी तैयारी कर ली है।
विभाग की ओर से आज से डीएलएफ फेज-3 में धरातल पर सीलिंग और तोड़फोड़ अभियान शुरू किया जाएगा। पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के आदेशों की अनुपालना में होने जा रही इस कार्रवाई को गुरुग्राम की डीएलएफ कॉलोनियों में अब तक की सबसे बड़ी एन्फोर्समेंट कार्रवाई माना जा रहा है।
शीनरी को भी तैयार रखा गया
बुधवार को जिला नगर योजनाकार एन्फ़ोर्समेंट (डीटीपीई) अमित मधोलिया के नेतृत्व में विभागीय टीमों ने अभियान की अंतिम तैयारियां पूरी कर लीं। सीलिंग के लिए आवश्यक सामग्री पैक कर ली गई है और तोड़फोड़ के लिए पीला पंजे और अन्य मशीनरी को भी तैयार रखा गया है।
विभाग ने डीएलएफ फेज-तीन की उन संपत्तियों की सूची तैयार कर ली है जिन पर कार्रवाई की जानी है। सूत्रों के अनुसार सैकड़ों मकान विभाग की कार्रवाई के दायरे में हैं।
भारी पुलिस बल तैनात रहेगा
अभियान के दौरान स्टिल्ट पार्किंग में किए गए अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया जाएगा। इसके अलावा रिहायशी मकानों में संचालित दुकानों, कार्यालयों, पीजी, गेस्ट हाउस और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों को मौके पर सील किया जाएगा। सड़क एवं राइट ऑफ वे (आरओडब्ल्यू) क्षेत्र में किए गए अतिक्रमणों के विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात रहेगा।
वहीं, अभियान के लिए दो से तीन अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है। सभी टीमों की निगरानी डीटीपीई अमित मधोलिया करेंगे। एक टीम का नेतृत्व स्वयं अमित मधोलिया करेंगे, जबकि दूसरी टीम की कमान एटीपी दिव्या दहिया संभालेंगी। अन्य टीमों में विभाग के जूनियर इंजीनियर और एन्फ़ोर्समेंट टीम के जेई शामिल रहेंगे।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय द्वारा डीएलएफ सिटी रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन बनाम हरियाणा सरकार एवं अन्य मामले में पारित आदेशों के बाद शुरू की जा रही है। न्यायालय द्वारा जिन संपत्तियों को संरक्षण प्राप्त नहीं है अथवा जिनके मालिक मामले में पक्षकार नहीं हैं, उनके विरुद्ध विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है।
नोटिस जारी किए जा चुके
विभाग के रिकार्ड के अनुसार, डीएलएफ के विभिन्न पांचों फेज में पांच हजार से अधिक संपत्तियों को अवैध निर्माण और नियमों के उल्लंघन को लेकर नोटिस जारी किए जा चुके हैं। हाईकोर्ट के कार्रवाई करने से रोक हटाने के बाद डीएलएफ फेज-3 की 300 से अधिक संपत्तियों के संबंध में विभाग द्वारा अंतिम रेस्टोरेशन आदेश भी जारी किए गए हैं और लगभग 1000 से अधिक मकानों को पहले ही रेस्टोरेशन के आदेश दिए जा चुके हैं।
विभाग उच्च न्यायालय के आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। यह कार्रवाई हरियाणा शहरी क्षेत्र विकास एवं विनियमन अधिनियम, 1975 के तहत सीलिंग और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी। सरकारी कार्रवाई में बाधा डालने वालों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई करते हुए एफआइआर भी दर्ज कराई जाएगी। – अमित मधोलिया, डीटीपीई, टाउन प्लानिंग

