
गुरुग्राम। गुरुग्राम में वर्षा जल निकासी व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) पुराने बस अड्डे के पास स्थित महावीर चौक से कापसहेड़ा बार्डर तक ओल्ड दिल्ली-गुरुग्राम रोड पर ड्रेनेज सुधार कार्य करेगा।
इस परियोजना का उद्देश्य सतही नालों की शुरू से अंत तक कनेक्टिविटी स्थापित करना है, ताकि वर्षा जल की निकासी मास्टर स्टार्म वाटर ड्रेन में जल्द हो सके। मानसून के दौरान इस मार्ग पर जलभराव की समस्या में कमी लाई जा सकेगी ।
जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीसी मीणा ने बताया कि महावीर चौक से कापसहेड़ा बार्डर तक की सड़क शहर की पुरानी और प्रमुख सड़क है, जो कई रिहायशी व्यावसायिक तथा औद्योगिक क्षेत्रों को जोड़ती है।
उन्होंने कहा कि इस प्रस्तावित परियोजना के माध्यम से मौजूदा सरफेस ड्रेनेज नेटवर्क की कमियों को दूर किया जाएगा, जहां टूट गई है उसकी मरम्मत की जाएगी और जहां गैप है, उस जगह पर निर्माण करके मिसिंग लिंक को पूरा किया जाएगा।
इन कार्यों से वर्षा के बाद पानी को आसानी से मास्टर स्टार्म वाटर ड्रेन में डाला जा सकेगा । इससे भारी वर्षा के बाद होने वाले जलभराव की समस्या पर काबू पाया जा सकेगा ।
15 किलोमीटर लंबी ड्रेन दोनों तरफ बनेगी
पीसी मीणा ने बताया कि ड्रेनेज सुधार के कार्य पुरानी दिल्ली रोड के दोनों ओर लगभग 7.5-7.5 किलोमीटर की लंबाई में किया जाएगा, जिससे कुल लगभग 15 किलोमीटर के ड्रेनेज नेटवर्क को सुचारू बनाया जाएगा। बरसाती पानी निकासी में आने वाली सभी बाधाओं को दूर किया जाएगा ।इस परियोजना पर लगभग 8 करोड़ रुपये खर्च होंगे ।
इन क्षेत्रों को मिलेगा फायदा
परियोजना पूरी होने के बाद पुरानी दिल्ली-गुरुग्राम रोड से जुड़े सेक्टर-14, सेक्टर-17, सेक्टर-18, डूंडाहेड़ा, कार्टरपुरी तथा आसपास के क्षेत्रों के निवासियों और यात्रियों को वर्षा जल की त्वरित निकासी, जलभराव में कमी तथा मानसून के दौरान सुगम यातायात का लाभ मिलेगा।

