
चाईबासा। झींकपानी थाना क्षेत्र में तीर से जानलेवा हमला करने के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपित भगवान बिरुली उर्फ दोपे को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार को आयोजित प्रेसवार्ता में सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बहामन टूटी ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपित को सोमवार देर शाम गिरफ्तार किया गया। उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त तीर-धनुष भी बरामद कर लिया गया है।
एसडीपीओ बहामन टूटी ने बताया कि 9 मई को झींकपानी थाना क्षेत्र के टंकी बांदा के पास बेतिया गांव निवासी चुइया बिरुली पर तीरों से जानलेवा हमला किया गया था। हमले में तीन तीर लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया था।
स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल चाईबासा सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसके शरीर से दो तीर निकाले। एक तीर घायल ने स्वयं निकाल लिया था। फिलहाल उसकी स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है।
उन्होंने बताया कि घायल के फर्दबयान के आधार पर झींकपानी थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर प्रशिक्षु आईपीएस सह थाना प्रभारी झींकपानी राजकुमार जेयराजू एवं एसडीपीओ सदर बहामन टूटी के संयुक्त नेतृत्व में विशेष छापामारी दल का गठन किया गया।
पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए चिड़िया पहाड़ी गांव निवासी आरोपित भगवान बिरुली उर्फ दोपे को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपित ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि उसने पुराने रंजिश के कारण हत्या की नीयत से तीर-धनुष से हमला किया था।
पुलिस ने उसके बयान के आधार पर घटना में प्रयुक्त तीर-धनुष को जब्त कर लिया है। गिरफ्तार आरोपित को मंगलवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
1995 में पिता की हत्या, बेटे ने 30 साल बाद लिया बदला
एसडीपीओ बहामन टूटी ने बताया कि पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपित भगवान बिरुली के पिता लागो बिरुली की वर्ष 1995 में हत्या कर दी गई थी। हाल के दिनों में आरोपित को इस मामले की जानकारी मिली थी, जिसके बाद वह बदला लेने की योजना बना रहा था।
सूत्रों के अनुसार आरोपित को यह भी बताया गया था कि चुइया बिरुली और उसके साथियों का नाम उस पुराने हत्या मामले में सामने आया था। इसी रंजिश में उसने मौका मिलते ही चुइया बिरुली पर हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि आरोपित ने एक साथ करीब 20 तीर चलाए थे, जिनमें तीन तीर सीधे घायल को लगे।
प्रेसवार्ता में बताया गया कि छापामारी दल में प्रशिक्षु आईपीएस सह थाना प्रभारी झींकपानी राजकुमार जेयराजू, सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बहामन टूटी, पुलिस पदाधिकारी राजीव रंजन मिश्रा, दीपक कुमार मोहंती तथा झींकपानी थाना के अन्य पुलिस पदाधिकारी एवं जवान शामिल थे।

