
गुरुग्राम। रैपिड मेट्रो को निर्बाध बिजली मिलती रहे, इसके लिए तैयार एक्शन प्लान पर काम पूरा हो गया। दो से तीन दिन के भीतर लाइन को चार्ज कर दिया जाएगा। इसके लिए तैयारी शुरू कर दी गई है। लाइन चार्ज होते ही रैपिड मेट्रो के लिए दो सोर्स से बिजली आपूर्ति की सुविधा उपलब्ध हो जाएगी।
एक्शन प्लान के तहत सेक्टर-65 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन से सेक्टर-56 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन से जोड़ा गया है। सेक्टर-65 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन पीछे कादरपुर स्थित 400 केवी सब-स्टेशन से जुड़ा है।
सेक्टर-56 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन से रैपिड मेट्रो को बिजली आपूर्ति की जाती है। अब तक सेक्टर-56 स्थित 220 केवी सब स्टेशन को केवल सेक्टर-72 स्थित 220 केवी स्टेशन से बिजली मिलती थी।
सेक्टर-72 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन को पावर ग्रिड के 400 केवी सब-स्टेशन से बिजली मिलती है। एक्शन प्लान पर काम पूरा होने के बाद अब सेक्टर-56 स्थित 220 केवी सब-स्टेशन को दो सोर्स से बिजली मिलेगी। इससे अब आगे रैपिड मेट्रो तभी ठप होगी जब ग्रिड सिस्टम ही फेल हो जाए।
हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम के कार्यकारी अभियंता अनिल मलिक का कहना है कि बिजली आपूर्ति के लिए लाइन बिछाने का काम पूरा हो गया है। अब केवल चार्ज करने का काम शेष रह गया है।
40 मिनट तक ठप हुई थी रैपिड मेट्रो
बता दें कि पिछले महीने सेक्टर-72 स्थित 220 केवी सब स्टेशन में फाल्ट आने से रैपिड मेट्रो सेवा लगभग 40 मिनट तक ठप हो गई थी। इससे यात्रियों को काफी परेशानी हुई थी। ऐसी स्थिति आगे न हो, इसे ध्यान में रखकर दो सोर्स से बिजली आपूर्ति करने का एक्शन प्लान तैयार किया गया।
दिल्ली मेट्रो को कई सोर्स से बिजली आपूर्ति की जाती है। यही वजह है कि कभी भी सेवा पांच मिनट से अधिक ठप नहीं होती। पांच मिनट दूसरी लाइन चालू करने में लगता है।

