
सोहना (गुरुग्राम)। एक बार फिर परिषद ने अवैध निर्माण को लेकर खानापूर्ति निभा दी। परिषद की निगरानी के बाद भी आए दिन अवैध निर्माण कार्य धड़ल्ले से जारी है।
मंगलवार को परिषद के बुलडोजर ने पहाड़ी में चल रहे अवैध रास्ते के निर्माण कार्य और बाउंड्रीवाल को जमींदोज कर दिया, लेकिन यह कार्रवाई महज खानापूर्ति भर दिखी। छह या आठ फुट ऊंची बाउंड्री वाल या मकान का निर्माण कैसे हो गया, जब बाउंड्री वाल का निर्माण शुरू हुआ, तब परिषद ने रोक क्यों नहीं लगाई।
नहीं रुक रहा अवैध निर्माण
निर्माण पूरा होने के बाद ही आना सवाल खड़े करता है। सवाल ये है कि भूमि पर अवैध निर्माण की रोकथाम के लिए परिषद की ना केवल जवाबदेही तय है बल्कि बकायदा दो टीम नियुक्त है। जिन पर अवैध निर्माण कार्य की निगरानी करने का दायित्व है इसके बाद भी अवैध निर्माण कार्य नहीं रुक रहे। सोहना के वार्ड नंबर एक रायसीना की अरावली पहाड़ी क्षेत्र में अवैध निर्माण कार्यों पर एनजीटी ने रोक लगा रखी है।
अवैध निर्माण या खनन या हरे पेड़ को काटने जैसी गतिविधि नहीं कर सकते, लेकिन इस पाबंदी के बावजूद एनजीटी के आदेश पर कोई अमल नहीं हो रहा।अवैध निर्माण कार्य धड़ल्ले से जारी है।सरकार की पाबंदी के बाद भी पहाड़ी में बाउंड्रीवाल और फार्म हाउस जैसे निर्माण कार्य चल रहे हैं।
नामचीन हस्तियों के है फार्महाउस
अरावली पहाड़ी में ऐसे करीब 420 फार्म हाउस अवैध चिन्हित किए गए हैं, जो जज, अधिकारी, राजनीतिक सहित नामचीन हस्तियों के हैं। आलीशान इन फार्म हाउसों में तमाम विलासितापूर्ण संसाधन उपलब्ध हैं। राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण के चलते अवैध निर्माण कार्य थमने का नाम नहीं ले रहा।

