
गुरुग्राम। हरियाणा में नकली और मिलावटी दवाओं के कारोबार के खिलाफ गुरुग्राम बड़ी कार्रवाई का केंद्र बनकर उभरा है। हरियाणा फूड एवं ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) ने पिछले तीन वर्षों में अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पर लगातार प्रहार करते हुए 12 आरोपितों को गिरफ्तार कराया है। हाल ही में बीपी की नकली दवा टेल्मा-एएम टैबलेट मामले में दो दवा कारोबारियों की गिरफ्तारी के बाद यह अभियान फिर चर्चा में है।
ड्रग्स कंट्रोल आफिसर अमनदीप चौहान ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के निर्देश और स्टेट ड्रग्स कंट्रोलर रिपन मेहता के नेतृत्व में नकली दवाओं के निर्माण, भंडारण, वितरण और बिक्री के खिलाफ जीरो टालरेंस नीति के तहत लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
एफडीए गुरुग्राम की प्रवर्तन टीम में शामिल अमनदीप चौहान, सुरेश कुमार और मुकेश कुमार ने वरिष्ठ ड्रग्स कंट्रोल गुरचरण सिंह की अगुवाई में कई बड़े मामलों का पर्दाफाश किया है। अब तक हुई 12 गिरफ्तारियों में 10 गिरफ्तारी अमनदीप चौहान की जांच और फील्ड आपरेशन के दौरान हुई हैं।
टोफाजैक दवा मामले में हजारों नकली गोलियां जब्त
वर्ष 2024 में सेक्टर-39 स्थित एक मेडिकल स्टोर एवं आवासीय परिसर पर छापेमारी कर गठिया रोग के उपचार में प्रयुक्त टोफाजैक दवा की 1,000 से अधिक नकली डिब्बियां बरामद की गईं। मौके से यूसुफ खान, मोहम्मद जुबैर और मोहम्मद नसीम को गिरफ्तार किया गया, जबकि नियामत सहित चार आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
नकली हार्मोन इंजेक्शन रैकेट के आरोपित की जमानत खारिज
वर्ष 2025 में एफडीए गुरुग्राम ने हेड आन (सोमाट्रोपेन) नामक नकली हार्मोन इंजेक्शन के अवैध कारोबार का पर्दाफाश किया। जांच के दौरान कुरियर से संचालित नेटवर्क का पता लगाया गया। इस मामले में आरोपित हरी ओम को गिरफ्तार किया गया, जबकि फरार एफडीएम की मजबूत पैरवी के कारण बीती 20 जुलाई को आरोपित जतिन खन्ना की अग्रिम जमानत को पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया।
70 लाख रुपये की नकली माउंटजारो इंजेक्शन बरामद
अप्रैल 2026 में डीएलएफ फेज-4 एवं सेक्टर-69 में छापेमारी कर नकली माउंटजारो का बड़ा नेटवर्क पकड़ा गया। कार्रवाई के दौरान लगभग 70 लाख रुपये मूल्य के नकली इंजेक्शन जब्त किए गए। इस मामले में अवि शर्मा और मुजामिल खान को मौके से गिरफ्तार किया गया, जो वर्तमान में न्यायिक हिरासत में हैं।
आम नागरिकों, अस्पतालों और मेडिकल स्टोर संचालकों से अपील की है कि वे दवाएं केवल अधिकृत एवं लाइसेंसधारी विक्रेताओं से ही खरीदें। यदि किसी को नकली दवा, छेड़छाड़ की गई पैकेजिंग अथवा किसी भी प्रकार की संदिग्ध दवा संबंधी गतिविधि की जानकारी मिले तो उसकी सूचना तत्काल एफडीए को दें।
गुरचरण सिंह, वरिष्ठ ड्रग्स कंट्रोल आफिसर, गुरुग्राम जोन
एसोसिएशन द्वारा एफडीए को पूरा सहयोग दिया जा रहा है। नकली दवाओं के कारोबार पर पूरी तरह रोक लगनी चाहिए, ताकि लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ पर रोक लगे। अवैध कारोबार करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
शरद मल्होत्रा, अध्यक्ष, गुरुग्राम केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन

